ग्वालियरः 17.07.2026- मध्यप्रदेश शासन एवं पुलिस मुख्यालय भोपाल के निर्देशानुसार संपूर्ण प्रदेश में 15 जुलाई से 30 जुलाई 2026 तक ‘‘नशे से दूरी है जरूरी 2.0’’ नशामुक्ति जनजागृति अभियान चलाया जा रहा है। उक्त अभियान के तीसरेे दिन आज दिनांक 17.07.2026 को वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ग्वालियर श्री धर्मवीर सिंह(भापुसे) के निर्देश पर तथा अभियान की नोडल अधिकारी अति. पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) श्री जयराज कुबेर के मार्गदर्शन में ग्वालियर जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों में स्थित स्कूल, कोचिंग संस्थान तथा सार्वजनिक स्थानों पर नशा मुक्ति जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किये जाकर नशे के दुष्परिणामों से अवगत कराया गया और नशा मुक्ति जागरूकता की शपथ दिलाई गई।
आज दिनांक 17.07.26 को पुलिस मुख्यालय द्वारा चलाए जा रहे नशा मुक्ति जागरूकता अभियान ‘‘नशे से दूरी है जरूरी 2.0’’ के अंतर्गत थाना मुरार पुलिस द्वारा सेंट साईं कॉन्वेंट हायर सेकेंडरी स्कूल, मुरार में आयोजित जागरूकता कार्यक्रम में उपनिरीक्षक राहुल सिंह (चौकी प्रभारी बड़ागांव), महिला प्रधान आरक्षक अर्चना कंसाना एवं आरक्षक राहुल जाट द्वारा स्कूल के छात्र-छात्राओं’’ को संबोधित करते हुए नशे के दुष्परिणामों की विस्तृत जानकारी दी गई। विद्यार्थियों को बताया गया कि नशे से व्यक्ति का स्वास्थ्य, शिक्षा, करियर एवं पारिवारिक जीवन बुरी तरह प्रभावित होता है तथा इससे अपराधों में भी वृद्धि होती है। कार्यक्रम में विद्यालय के प्राचार्य श्री अशोक उपाध्याय ने भी विद्यार्थियों से नशामुक्त जीवन अपनाने का आह्वान किया। अंत में सभी विद्यार्थियों ने नशे से दूर रहने तथा समाज को नशामुक्त बनाने में अपना सक्रिय योगदान देने की शपथ ली।

थाना घाटीगांव पुलिस द्वारा मॉडल स्कूल में आयोजित कार्यक्रम में विद्यार्थियों को नशे से होने वाले शारीरिक एवं मानसिक नुकसान, अपराधों में बढ़ती संलिप्तता तथा सामाजिक विघटन जैसे गंभीर विषयों पर विस्तार से जानकारी दी गई। थाना प्रभारी घाटीगांव निरी0 पूरन शर्मा द्वारा विद्यार्थियों को प्रेरित किया गया कि वे स्वयं नशे से दूर रहें और अपने परिवार एवं मित्रों को भी इस सामाजिक बुराई के विरुद्ध जागरूक करें। उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे किसी भी प्रकार के प्रलोभन में आकर नशे का सेवन न करें तथा यदि उनके आसपास कोई व्यक्ति नशे की गिरफ्त में हो तो उसे भी इस बुराई से बाहर आने के लिए प्रेरित करें। कार्यक्रम के दौरान सभी को नशामुक्ति की शपथ भी दिलाई गई।
आज थाना विश्वविद्यालय पुलिस द्वारा ‘‘नशे से दूरी है जरूरी 2.0‘‘ के अंतर्गत विज्ञान पीठ (फिजिक्स वाला) कोचिंग संस्थान, पटेल नगर, सिटी सेंटर, ग्वालियर पहुंचकर छात्र-छात्राओं को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक किया गया। इस दौरान उन्होंने युवाओं को नशे की लत से होने वाले शारीरिक, मानसिक, सामाजिक एवं आर्थिक दुष्प्रभावों की जानकारी देते हुए नशे से दूर रहने और स्वस्थ एवं सकारात्मक जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम के दौरान छात्र-छात्राओं ने नशे से दूर रहने तथा अन्य लोगों को भी इसके प्रति जागरूक करने का संकल्प लिया।
थाना महाराजपुरा पुलिस द्वारा ’’मिलेनियम स्टार स्कूल, महाराजपुरा’’ में आयोजित कार्यक्रम में उपनिरीक्षक ’’राजीव सोलंकी’’ एवं पुलिस टीम ने लगभग ’’60 छात्र-छात्राओं’’ को नशे के दुष्परिणामों के संबंध में विस्तार से जानकारी दी। विद्यार्थियों को बताया गया कि नशे की शुरुआत अक्सर जिज्ञासा या गलत संगति से होती है, लेकिन धीरे-धीरे यह गंभीर लत का रूप ले लेती है, जिससे व्यक्ति का भविष्य प्रभावित होता है। कार्यक्रम के दौरान विद्यालय परिसर में जनजागरूकता पम्पलेट लगाए गए तथा विद्यालय के ’’प्राचार्य जादौन’’ की उपस्थिति में विद्यार्थियों को नशे से दूर रहने का संकल्प दिलाया गया।
थाना करहिया पुलिस द्वारा शासकीय माध्यमिक विद्यालय, दुबहा टांका में आयोजित कार्यक्रम में उपनिरीक्षक संजू सिंह यादव ने छात्र-छात्राओं को संबोधित करते हुए नशे के दुष्परिणामों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने विद्यार्थियों को बताया कि जीवन में सफलता प्राप्त करने के लिए अनुशासन, शिक्षा, खेल एवं अच्छे संस्कार अत्यंत आवश्यक हैं तथा किसी भी प्रकार का नशा इन सभी उपलब्धियों में सबसे बड़ी बाधा बनता है। कार्यक्रम के अंत में विद्यार्थियों ने नशामुक्त समाज निर्माण में अपनी सहभागिता का संकल्प लिया।
इसी प्रकार ग्वालियर जिले के अन्य थाना क्षेत्रों में भी स्कूलों/कॉलेजों व सार्वजनिक स्थानों पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किये जाकर छात्र-छात्राओं तथा आमजनों व ग्रामीणों को नशे के प्रति जागरूक किया गया और इस अवसर पर उन्हे पम्पलेट वितरित किये गये। छात्रों ने बैनर लेकर और शपथ पत्रों के माध्यम से यह संदेश दिया कि वे स्वयं नशे से दूर रहेंगे और दूसरों को भी इसके लिए प्रेरित करेंगे। पुलिस अधिकारियों ने छात्रों व युवाओं से अपील की कि वह अपने परिवार व मोहल्ले के लोगों को भी नशे से बचने के लिए जागरूक करें।





